मेरी यह कविता एक symbolic visualization हैं उस समय का जब हम उम्र के जिस पडाव मे हैं वहाँ से 10-15साल आगे कीओर होगें जब हमारे हमारे कतर्व्य पथ मे थोड़ा विराम आने लगेगा और उस समय जब हम कल-आज और कल के काल चक्र को देखेंगे तो शायद वो देखने मे कूछ ऐसा दिखे...