1965 के युद्ध में विंग कमांडर बिशनोई की टीम को पाकिस्तानी टैंकों पर हमला करने की ज़िम्मेदारी दी गई थी. लेकिन जब वो लौट रहे थे तो नीचे से आई गोली उनकी टीम के एक सदस्य सुरेश पारुलकर के कंधे में लगी. पारुलकर उसी हालत में न सिर्फ़ अपने विमान को सुरक्षित वापस ले कर आए बल्कि उसे सुरक्षित नीचे भी उतारा. कैसे ? बता रहे हैं रेहान फ़ज़ल 1965 युद्ध की 13 वीं कड़ी में