साल 2020 की शुरुआत सिर्फ़ नए साल की ही नहीं बल्कि एक नई सदी की भी शुरुआत है और इस नई सदी में भारत और पाकिस्तान की बीच का संबंध किस करवट बदलेगा इसपर पूरी दुनिया की नज़र बनी रहेगी. ये इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि आने वाले चार साल तक पाकिस्तान का नेतृत्व जहां इमरान ख़ान के हाथों में होगी वहीं भारत में साल 2024 तक नरेंद्र मोदी ही देश का काम-काज संभालेंगे. ऐसे में जब दोनों नेताओं के आपसी संबंध बहुत ज़्यादा गर्मजोशी वाले नहीं है तब इसको लेकर बहुत ज़्यादा क़यास भी नहीं लगाए जाते हैं — क्योंकि बहुत कुछ बिना कहे भी साफ़-साफ़ इंगित होता है. इसके अलावा पाकिस्तान में परवेज़ मुशर्रफ़ की फांसी, करतारपुर साहिब, कश्मीर और आर्टिकल-370, वे मुद्दे हैं जो दोनों देशों के रिश्ते को बनाने और बिगाड़ने में काफी बड़ी भूमिका निभा सकते हैं. इस बारे के एपिसोड में पाकिस्तान पर हमने चर्चा की ओआरएफ़ के सीनियर फेलो और पाकिस्तान मामलों के जानकार सुशांत सरीन के साथ.